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श्रृखला की कड़ियाँ: Links in the Chain

श्रृखला की कड़ियाँ: Links in the Chain
$10.40$13.00  [ 20% off ]
Item Code: NZA246
Author: महादेवी वर्मा (Mahadevi Verma)
Publisher: Lokbharti Prakashan
Language: Hindi
Edition: 2017
ISBN: 9788180313059
Pages: 129
Cover: Paperback
Other Details: 8.5 inch X 5.5 inch
weight of the book: 160 gms

महादेवी वर्मा

 

जन्म 1907, फर्रूखाबाद (उ. प्र.)

 

शिक्षा : मिडिल में प्रान्त- भर में प्रथम, इंट्रेंस प्रथम श्रेणी में, फिर 1927 मे इंटर,1929 में बी .ए., प्रयाग विश्वविद्यालय से संस्कृत में एम. ए. 1932 में किया ।

 

गतिविधियाँ : प्रयाग महिला विद्यापीठ में प्रधानाचार्य और 1960 में कुलपति । चाँद का सम्पादन । विश्ववाणीकेयुद्ध अंकका सम्पादन । साहित्यकारका प्रकाशन व सम्पादन । नाट्य संस्था नरंगवाणीकी प्रयाग में स्थापना ।

 

पुरस्कार :नीरजापर सेकसरिया पुरस्कार,स्मृति की रेखाएँपर द्विवेदी पदक, मंगलाप्रसाद पारितोषिक, उत्तर प्रदेश सरकार का विशिष्ट पुरस्कार, उ.प्र. हिंदी संस्थान काभारत भारतीपुरस्कार, ज्ञानपीठ पुरस्कार ।

 

उपाधियाँ. भारत सरकार की ओर से पद्मभूषण और फिर पद्मविभूषण अलंकरण । विक्रम, कुमाऊँ, दिल्ली, बनारस विश्वविद्यालयों से डी. लिट् की उपाधि । साहित्य अकादमी की सम्मानित सदस्या रहीं ।

 

कृति संदर्भ. यामा, दीपशिखा, पथ के साथी, अतीत के चलचित्र, स्मृति की रेखाएँ, नीरजा, मेरा परिवार, सान्ध्यगीत, चिन्तन के क्षण, सन्धिनी, सप्तपर्णा, क्षणदा, हिमालय, शृंखला की कड़ियाँ, साहित्यकार की आस्था तथा निबन्ध, संकल्पित (निबंध); सम्भाषण (भाषण); चिंतन के क्षण (रेडियो वार्ता); नीहार, रश्मि, प्रथम आयाम, अग्निरेखा, यात्रा (कविता-संग्रह) ।

 

निधन: 11 सितम्बर, 1987 |

 

निर्देशिका

 

अपनी बात

9

1

हमारी श्रृखला की कड़ियाँ

11

2

युद्ध और नारी

27

3

नारीत्व का अभिशाप

32

4

आधुनिक नारी

38

5

घर और बाहर

48

6

हिन्दू स्त्री का पत्नीत्व

66

7

जीवन का व्यवसाय

75

8

स्त्री के अर्थ-स्वातंरय का प्रश्न

86

9

हमारी समस्यायें

96

10

समाज और व्यक्ति

111

11

जीने की कला

123

 

 

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